नारी अत्याचार की क्रृरतम कुप्रथाएं

आज पुरुष और नारी समानता का युग होने के बावज़ूद, अभी भी नारी अत्याचार की इतनी घिनौनी कुप्रथाएं मौजूद है कि जिन्हें जानकर आप दाँतों तले उंगली दबा देंगे।

नारी अत्याचार की क्रृरतम कुप्रथाएं

नारी अत्याचार की क्रृरतम कुप्रथाएं
भारत हो या कोई और देश, इतिहास गवाह है कि अपने स्वार्थ सिद्धी के लिए समाज में ऐसे कितने ही नियम बनाए जाते है, जो प्रथा कहलाते है और इसका ख़ामियाज़ा सिर्फ महिलाओं को झेलना पड़ता है। आज पुरुष और नारी समानता का युग होने के बावज़ूद, अभी भी नारी अत्याचार की इतनी घिनौनी कुप्रथाएं मौजूद है कि जिन्हें जानकर आप दाँतों तले उंगली दबा देंगे।
जला दिए जाते है नाबालिक लड़कियों के स्तन
सेंट्रल अफ्रीकी देश ब्रिटेन के कॅमरुन में 10 साल से कम उम्र वाली लड़कियों के स्तनों को कोयले पर गर्म किए पत्थर से या हथौड़े से दबा कर चपटा कर दिया जाता है, ताकि वे विकसित न हो सकें! इसे वहां पर “ब्रेस्ट आइरनिंग” का नाम दिया गया है। इससे लड़कियों को बहुत ही दर्दनाक प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है। इतना ही नहीं, इससे ब्रेस्ट कैंसर, खुजली, घाव, तेज बुखार, ब्रेस्ट इंफेक्शन होने की आशंका बढ़ जाती है और स्तनपान कराने में भी दिक्कत आती है। कैमरुन में तकरीबन 50% लड़कियाँ ब्रेस्ट आइरनिंग का शिकार होती है। लड़कियों की ब्रेस्ट आइरनिंग कोई और नहीं बल्कि उनकी माँ ही करती है। इन लोगों का मानना है कि अगर किशोरियों के ब्रेस्ट टिश्यू निकाल दिए जाएं तो वे कम आकर्षक होंगी और इससे उन्हें रेप और यौन उत्पीडन से बचाया जा सकेगा!
क्यों पढ़ कर ही रोंगटे खड़े हो रहे है न? कैसे सहती होगी इतनी दर्दनाक प्रक्रिया को वो मासूम लड़कियाँ? वो भी सिर्फ और सिर्फ इसलिए ताकि वो सुंदर ना दिखे एवं कोई उनका बलात्कार ना करें! ज़ाहिर है, ब्रेस्ट आइरनिंग से इस धारणा को बढावा मिलता है कि लड़कियों का शरीर ही अपने आप में सेक्सुअल है और यौन हमलों के मामलों में पुरुषों की कोई भी गलती नहीं होती! सबसे गौर करने वाली बात यह है कि यह कुप्रथा उस देश ब्रिटेन में है जिसे हम विकसित कहते है!!


पत्नी या पानी वाली बाई!!




कहा जाता है कि कोई भी नारी सब कुछ सह सकती है लेकिन अपने प्यार को, अपने पति को किसी और के साथ नहीं बांट सकती। भारत में इस्लाम को छोड़कर अन्य किसी भी धर्म में बहुविवाह की कुप्रथा मान्य नहीं है। लेकिन महाराष्ट्र के ठाणे जिले के शहापुर तहसील के एक गांव देंंगमाल में ऐसा हो रहा है। वजह भी बहुत ही अजीब है।

बलात्कार पीड़िता को ही दोषी समझना
यहां पर एक पुरुष की एक नहीं बल्कि दो या तीन पत्नियाँ होती है। दरअसल ये गांव भी महाराष्ट्र के उन 19 हजार गांवो में से एक है, जहां पानी नहीं है और ज्यादातर सुखे जैसे ही हालात रहते है। घर की जरुरत के लिए पानी का इंतजाम करने की ज़िम्मेदारी सिर्फ महिलाओं पर ही होती है। यहां पानी करीब छ: किलोमीटर दूर से भरकर लाना पड़ता है। और पानी भरकर लाने के लिए ही यहां लोग शादियाँ करते है। पानी के लिए लाई गई इन दुल्हनों को “पानी बाई” कहा जाता है। अगर किसी व्यक्ति की पत्नी पानी लाने में असमर्थ है, तो वो व्यक्ति दूसरी शादी कर लेता है, जिससे पानी लाया जा सके। अगर दूसरी पत्नी भी बीमार पड़ जाए, तो वो तीसरी शादी कर लेता है। पानी लाने का काम चुनौतियों भरा होता है। एक महिला के पास 15-15 लीटर के दो घड़े होते है, जिन्हें अपने सर पर एक के उपर एक रखकर संतुलित करना होता है। तपती गर्मी के दिनों में पथरीले रास्तों पर छ: किलोमीटर दूर का सफर तय करने में 8 से 10 घंटे लग जाते है। ऐसे में घर में बच्चों को अकेला भी नहीं छोड़ा जा सकता एवं घर के अन्य काम भी निपटाने होते है। अत: मज़बूरी में महिलाएं खुद अपने पति को दूसरी शादी करने की अनुमति दे देती है। इस गांव के रहने वाले सखाराम भगत (उपर चित्र में दिखाए गए) ने भी तीन शादियां की हैंं। भगत की पहली पत्नी तुकी को पत्नी का दर्जा मिला है बाकि की दो पानी वाली बाई कहलाती है। आज भी ज्यादातर तलाक की वजह यहीं रहती है कि "पति का दूसरी औरत के साथ संबंध है!" और यहां पर महिलाएं खुद ही अपने लिए सौत लाती है! क्या कहेंगे इस मजबूरी या कुप्रथा को??



क्या कोई बलात्कार की शिकार लड़की के दु:ख को समझ सकता है? नहीं, क्योंकि जा के पांव न फटी बिवाई, वो क्या जाने पीर परायी। न मेहंदी की रस्म होती है, न संगीत की रात होती है, न बैंड़बाजा होता है, न वरमाला पड़ती है और न ही फेरे होते है, फिर भी वो कन्या से औरत बन जाती है। ज़बरदस्ती करनेवाला शान से घूमता है और जिस के साथ ज़बरदस्ती होती है वह सिर नीचा किए, अपराधबोध से ग्रस्त घर में छिपती है। उसे इतना अपराधबोध कराया जाता है कि उसे अपने-आप से ही घृणा होने लगे! कुदरत का यह कैसा न्याय है? नारी की क्या गलती है? मौखिक सहानुभुती प्रकट करनेवाले तो बहुत आते है लेकिन हार्दिक संवेदना महसूस करनेवाला कोई नहीं होता।

हालात, परिस्थितियां, घटनाएँ चाहे कुछ क्यों ना हों, हर प्रकार की नकारात्मक स्थितियों का सामना सिर्फ और सिर्फ नारी को ही क्यों करना पड़ता है? यूं तो दिसंबर 2012 में हुए निर्भया कांड ने दुनिया भर की नजरें भारतीय स्त्रियों के प्रति होने वाले अपराधों पर गड़ा दी है। लेकिन आज भी भारत में हजारों की संख्या में ऐसी स्त्रियां मौजूद है, जो निर्भया के दर्द को झेल रही है। वे जीवित तो है लेकिन एक मुर्दा शरीर की तरह! हर पल ईश्वर से अपने मरने की दुआ कर रही है। इंतहा तो तब हो जाती है, जब खाप पंचायते या क़ानून स्वयं ही बलात्कारी को बलात्कार पीड़िता से विवाह करने को कह कर न्याय की जीत हो गई ऐसा मानते है। यहां पर भी पीड़िता के मन का ख्याल नहीं रखा जाता। उसे ज़िंदगी भर बलात्कारी के साथ रहने को मजबूर कर कर उस भयानक हादसे को याद रख कर, घाव को हरा रख कर जीवन जिने को मजबूर किया जाता है। कुछ देश इससे भी चार कदम आगे है। वे बलात्कार पीड़िता को ही दंड देते है! उदाहरण के लिए सउदी अरब व मोरक्को में ऐसा ही होता है। तर्क यह दिए जाते है कि वह महिला पुरुषसाथी के बगैर घर से क्यो निकली?
इस तरह की और भी कई कुप्रथाएं आज भी मौजूद है। स्त्रियों की दुर्दशा और उनके साथ होते अत्याधिक अमानवीय बर्ताव के बाद भी इस कठोर मर्दवादी समाज का दिल पता नहीं क्यों नहीं पसिजता??

Keywords:crime against women, customs, customs and traditions, Rape, balatkar, samuhik balatkar, Women empowerment in hindi, sashaktikaran

COMMENTS

BLOGGER: 24
  1. बहुत ही दर्दनाक है ,आज भी नारी के लिये कुप्रथाएं
    हर बार नारी ही सतायी जाती है क्यों ?
    हम शहरों मे रह रहे लोग इन कुप्रथाओं से अनजान हैं।

    जवाब देंहटाएं
    उत्तर
    1. रितु, नारी पर अत्याचार सिर्फ गांवों में ही होते है ऐसा नहीं है। शहरों में भी आज भी नारी सुरक्षित नहीं है। पढे-लिखें लोगों में थोड़ी बहुत जागरुकता आने से यह प्रमाण कम जरुर हुआ है।

      हटाएं
  2. आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल सोमवार (20-06-2016) को "मौसम नैनीताल का" (चर्चा अंक-2379) पर भी होगी।
    --
    सूचना देने का उद्देश्य है कि यदि किसी रचनाकार की प्रविष्टि का लिंक किसी स्थान पर लगाया जाये तो उसकी सूचना देना व्यवस्थापक का नैतिक कर्तव्य होता है।
    --
    चर्चा मंच पर पूरी पोस्ट नहीं दी जाती है बल्कि आपकी पोस्ट का लिंक या लिंक के साथ पोस्ट का महत्वपूर्ण अंश दिया जाता है।
    जिससे कि पाठक उत्सुकता के साथ आपके ब्लॉग पर आपकी पूरी पोस्ट पढ़ने के लिए जाये।
    --
    हार्दिक शुभकामनाओं के साथ
    सादर...!
    डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

    जवाब देंहटाएं
    उत्तर
    1. आदरणीय शास्त्री जी, मेरी रचना शामील करने के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद।

      हटाएं
  3. जितना दर्दनाक है उतना ही सभ्य समाज में अमान्य है ऐसी प्रथा का होना ... शर्म की बात ही विश्व आगे बढ़ रहा है और ऐसी परम्पराएं भी ...

    जवाब देंहटाएं
  4. इसके खिलाफ ब्रिटेन ने भी कुछ नही किया............

    जवाब देंहटाएं
  5. उफ्फ्ग अद्भुत अमानवीय एवं शर्मनाक .. सभ्य समाज का असभ्य चेहरा

    जवाब देंहटाएं
  6. बेहद शर्मनाक .... निंदनीय, आभार आपका इस पोस्ट के लिए ... .

    जवाब देंहटाएं
  7. बेहद शर्मनाक .... निंदनीय, आभार आपका इस पोस्ट के लिए ... .

    जवाब देंहटाएं
  8. Oh....Bahut hi azeeb aur sharmnaak gahtnayen hain yeh....in par turant action lena chaiye....aapke teesre point par mai kehna chaunga ki hame apni mansikta badalne ki jarurat hai....kharab mansikta ka shikar samaj hi ese kadam uthata hai....

    जवाब देंहटाएं
  9. “ब्रेस्ट आइरनिंग” तो क्रूरता की पराकाष्ठा है तथा वो मा भी कैसी मा होगी जो अपनी बेटी के साथ ऐसी क्रूरता कर सकती थी। मैं तो ऐसा सोच कर भी सिहर उठती हूं.

    जवाब देंहटाएं
    उत्तर
    1. पढ़ कर रोंगटे खड़े हो गये वह भी माँ द्वारा किया गया क्रूरतम व्यवहार

      हटाएं
  10. महाराष्ट्र में ठाणे जिले की इस घटना से साफ़ पता लगता है, की आज़ादी के 69 सालों बाद भी सरकार लोगों को आधारभूत सुविधाएँ मुहैया कराने में नाकाम हुई है|यदि सरकार उस गांव में कहीं से भी पानी का इंतज़ाम करे तो इस कुप्रथा को रोका जा सकता है |

    जवाब देंहटाएं
  11. O M G ! world`s developed country has this kind of shrink thinking about women. so shame we should respect women.

    जवाब देंहटाएं
  12. बहुत अजीब परंपरा है ऐसे परंपरा को सब महत्व क्यों देते है जो दुसरो को दुखी करे।

    जवाब देंहटाएं
  13. Ki mahila par jo atiya char Ho rha he uski sabse badi jad apn mahila hi he apan atiya char sahte hate he magar uske khilaf hm mahila abhi nhi khadi hoti or jo hona chahti he bah mahila hmesa is liye ruk jati he kyu ki uske sath koi khada nhi hota me to yahi kahugi agar is atiya char band Karna he to sath deo mera me ap Sab ka sath chahti hu. Me har mahila se har saas se yahi kahugi ki jo atiya char ap logo ne sahe ap aap ki bahu ko na sahne de us ka sath de .....agar ap Sab .mera sath de sakti he to mujhe rpl de or mujh se a kar Mile Indore me

    जवाब देंहटाएं
    उत्तर
    1. बिल्कुल सही कहा आपने कि हम महिलाओं को पीडित महिलाओ का साथ देना होगा। आपने कहा कि जो आपकी मदद करना चाहता हैं वो आपसे इंदौर में आकर मिले। देखिए, जो महिला आपकी मदद करना चाहती हैं उसके लिए भी इंदौर आकर आपसे मिलना मुमकिन नहीं हैं। क्योंकि महिलाओं की अपनी मर्यादाएं होती हैं यह बात एक महिला होने के नाते आप अच्छी तरह समझ सकती हैं।

      हटाएं
  14. बहुत शिक्षाप्रद लेख. समाज अब भी नहीं जागेगा तो अब कब जागेगा. बहुत अफसोसजनक!

    जवाब देंहटाएं
  15. ऐसी कुप्रथाओ से तो भरा पड़ा है ये विश्व ,लेकिन सारी कुप्रथाओ में एक बात समान रूप से देखने को मिलेगी कि -नारी पर अत्याचार कोई और नहीं स्वयं नारी ही कर रही हैं.ब्रेस्ट आइरनिंग की कुप्रथा में एक माँ ही अपनी बेटी के स्तन जलती हैं ,वैसे ही एक सांस जब खुद बहु होती है तो उस वक़्त जो उसकी सास ने उस पर जुल्म और पवंदिया किए होती हैं वही वो अपने बहु को देती है ,जिस दिन औरत के दिल में ये संकल्प आ जाये कि -"मेरे साथ जो हुआ मैं अपनी आने वाली पीढ़ी के साथ ऐसा नहीं होने दूगीं "उसी दिन औरतो पर अत्याचार होने बंद हो जायेगे ,कहने को तो पढ़े लिखे समाज मे ये अब काम हो रहा है लेकिन ये सिर्फ ऊपरी सच्चाई है हक़ीक़त नहीं। आज भी बलात्कार की बात छोड़े अगर चाइल्ड एब्यूज की घटनाये होती है तो सबसे पहले एक माँ ही कहती है "चुप रहो बेटा ,ये बात किसी को नहीं कहना "जब माँ ही बेटी का साथ नहीं देगी उसपर हो रहे अत्याचार के खिलाफ आवाज़ नहीं उठाएगी तो और कौन उसका साथ देगा। गरीब और लाचार माँ तो असमर्थ होती है ,मैं पढ़ी लिखी और समर्थ माँ की बात कर रही हूँ। लाखो में एक माँ आवाज़ उठाती हैं। आप का लेख बहुत दर्दनाक था लेकिन ज्योति जी आवाज़ तो औरतो को ही उठानी होगी ना ये काम अगर पुरुष करेंगे तो भी हम एक लाचारी के अहसास से दबे ही रहेंगे। धीमी गति में ही सही जागरूकता तो हो रही है औरतो में तभी तो हम आप आज इस विषय पर खुल के बात कर पा रहे हैं ,सादर स्नेह आप को।

    जवाब देंहटाएं
    उत्तर
    1. सही कहा कामीनी दी कि जब पढ़ी लिखी नारी अत्याचार के खिलाफ आवाज नहीं उठायेंगी तब तक ऐसी घटनाएँ नहीं रुक सकती।

      हटाएं
  16. बहुत ही दर्दनाक दिल दहला देने वाली घटना की जानकारी दी आपने ऐसा भी होता है जानकर आश्चर्य भी हुआ और दुख भी यह यातनाएं नारी के जीवन में ही लिखीं हैं और इसको अंजाम देने वाले उनके अपने ही होते है

    जवाब देंहटाएं

नाम

'रेप प्रूफ पैंटी',1,#मीटू अभियान,1,#साड़ीट्विटर,1,14 नवम्बर,1,15 अगस्त,3,25 दिसम्बर,1,26 जनवरी,1,5000 रुपए किलों का गुड़,1,8 मार्च,4,अंंधविश्वास,1,अंकुरित अनाज,1,अंगदान,1,अंगुठी,1,अंगूर,1,अंगूर की लौंजी,1,अंगूर की सब्जी,1,अंग्रेजी,2,अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस,6,अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस,1,अंतिम संस्कार,1,अंधविश्वास,21,अंधश्रद्धा,18,अंधश्रध्दा,3,अंश,1,अग्निपरीक्षा,1,अग्रवाल,1,अग्रसेन जयंती,1,अग्रसेन जयंती की शुभकामनाएं,1,अचार,13,अच्छी पत्नी,1,अच्छी पत्नी चाहिए तो...,1,अच्छे काम,1,अजब-गजब,3,अजय नागर,1,अतित,1,अदरक,1,अदरक का चूर्ण,1,अदरक-लहसुन पेस्ट,1,अनमोल वचन,10,अनरसा,1,अनुदान,1,अनुप जलोटा,1,अनोखी शादी,1,अन्न,1,अन्य,32,अन्याय,1,अपमान,1,अपेक्षा,1,अप्पे,4,अमरुद,1,अमरूद की खट्टी-मीठी चटनी,1,अमीरी,1,अमेजन,1,अरबी,1,अरुणा शानबाग,1,अरुनाचलम मुरुगनांथम,1,अलगाव,1,अवधेश,1,अवार्ड,2,अशोक चक्रधारी,1,असली हीरो,22,अस्पताल,1,अस्पतालों में बच्चों की मौत,1,आंवला,8,आंवला कैंडी,1,आंवला चटनी,1,आंवला मुरब्बा,1,आंवला लौंजी,1,आंवले का अचार,1,आंवले का शरबत,1,आंवले की गटागट,1,आइसक्रीम,1,आईसीयू ग्रेंडपा,1,आग,1,आज के जमाने की अच्छाइयां,1,आजादी,2,आज़ादी,1,आतंकवादी,2,आत्महत्या,5,आत्मा,1,आदित्य तिवारी,1,आम,10,आम का अचार,1,आम का पना,2,आम का मुरब्बा,2,आम की बर्फी,1,आम पापड़,1,आयशा खान,1,आयशा सुसाइड साबरमती,1,आरओ,1,आरक्षण,3,आरती मोर्य,1,आलू,6,आलू की पापडी,1,आलू की मठरी,1,आलू की सब्जी,1,आलू को स्टोर करना,1,आलू चाट पराठा,1,आलू पोहा अप्पे,1,आलू प्याज के स्टफ्ड पकोड़े,1,इंसान,2,इंसानियत का पाठ,1,इंस्टंट डोसा,2,इंस्टंट मावा,1,इंस्टंट स्नैक्स,1,इंस्टट ढोकला,1,इंस्टेंट कलाकंद बर्फी,1,इंस्टेंट कुल्फी,1,इंस्टेंट मिठाई,1,इडली,3,इन्डियन टाइम,1,इमली,1,इरोम शर्मिला,1,ईद,1,ईश्वर,7,ईश्वर की सर्वश्रेष्ठ रचना,1,ईसा मसीह,1,उटी,1,उपमा,3,उपवास,1,उपवास का हांडवो,1,उपवास की इडली,1,उपहार,2,उमा शर्मा,1,उम्र,1,उम्र का लिहाज,1,ऋषि पंचमी,1,एक सवाल,1,ऐनी दिव्या,1,ऐश ट्रे,1,ऐस्टरॉइड,1,ऑनलाइन,1,ओट्स,1,ओट्स वेजिटेबल ढोकला,1,ओरैया,1,और इज्जत बच गई,1,औरंगाबाद हादसा,1,कंघा,1,कंसन्ट्रेट आम पना,1,कच्चे आम,1,कच्चे आम का चटपटा पापड़,1,कछुआ,1,कटलेट्स,1,कढ़ी,1,कद्दु,1,कद्दु के गुलगुले,1,कद्दू,1,कद्दू का बेसन,1,कन्यादान,3,कबीर सिंह मूवी,1,कम तेल की रेसिपी,1,कमाने वाली बहू,1,करवा चौथ,2,करवा चौथ शायरी,1,करवा-चौथ,5,कल्पना सरोज,1,कल्याणी श्रीवास्तव,1,कहानी,35,कांजी,1,काजू,1,काजू करी,1,कानून,1,कामवाली बाई,4,कालीन,1,किचन टिप्स,17,किटी पार्टी,1,किन्नर,1,कियारा आडवानी,1,किराए पर बीवियां,1,किसान,1,किसान आंदोलन,1,कुंडली मिलान,1,कुंबाकोणाम,1,कुंभ मेला,1,कुरकुरे,1,कुल्फी,1,कुल्फी प्रीमिक्स,1,कूकर,1,कृषि विधेयक 2020,1,केईएम् अस्पताल,1,केचप,1,कैंडी,1,कैरी मिनाती,1,कॉर्न,4,कॉर्न इडली,1,कोंडागांव,1,कोरोना,4,कोरोना टिप्स,1,कोरोना वरीयर्स,2,कोरोना वायरस,8,कोरोना वैक्सीन,1,कोल्ड ड्रिंक,1,कोविड-19,2,कोवीड-19,2,कौए,1,क्रिसमस डे,2,क्रिसमस डे की शुभकामनाएं,1,क्रिस्पी डोसा बनाने के सिक्रेट्स,1,क्षमा,2,खजूर,1,खत,6,खबर,3,खरबूजा,2,खरबूजे का शरबत,1,खरेदी,1,खांडवी,1,खाद्य पदार्थ,1,खाना,1,खारक,1,खारी गरम,1,खाली पेट चाय,1,खुले में शौच,1,खुशी,2,खेल,1,खोया,2,गणतंत्र दिवस,1,गणेश चतुर्थी,3,गणेश चतुर्थी पर शायरी,1,गणेश चतुर्थी प्रसाद रेसिपी,1,गणेश जी,1,गरम मसाला,1,गर्दन दर्द,1,गर्भावस्था,1,गर्भाशय,1,गलत व्यवहार,1,गलती,2,गांधी जयंती,1,गाजर,6,गाजर अप्पे,1,गाजर के पैनकेक,1,गाजर के लड्डू,1,गाजर मूली का अचार,1,गाजर-मूली के दही बडे,1,गाय,1,गार्डनिंग,1,गाली,1,गुजरात,1,गुजराती डिश,1,गुजिया,1,गुड़,1,गुड टच और बैड टच,2,गुरु पूर्णिमा,1,गुरु पूर्णिमा की शुभकामनाएं,1,गुलगुले,1,गुलाब जामुन,1,गुस्सा,1,गृहस्वामिनी,1,गेहूं,1,गेहूं का आटा,1,गेहूं के आटे की मठरी,1,गैस बर्नर,2,गोभी और चना दाल के बडे,1,गोरखपुर,1,गोरा रंग,1,गोल्डन ग्रेवी प्रीमिक्स,1,गोल्फ,1,गौरी पराशर,1,ग्रीन टी,1,घंटी,1,घिया,1,घी,1,घी की नदी,1,चंद्रमा की गुरुत्वाकर्षण शक्ति,1,चकली,1,चटनी,9,चमत्कार,1,चाँद पर जमीन,1,चाय,2,चाय मसाला,1,चावल,3,चावल के पापड़,1,चावल के फ्रायम,1,चाशनी,1,चाशनी वाली मावा गुजिया,1,चींटी,1,चींटीया,1,चीज,1,चीनी देवता,1,चीला,3,चुर्ण,1,चूर्ण,6,छाछ,1,छींक,1,छोटी बाते,1,छोटे लेकिन काम के टिप्स,5,जज्बा,2,जनसंख्या,1,जन्मदिन,3,जन्मदिन की शुभकामनाएं,2,जन्माष्टमी,3,जन्माष्टमी रेसिपी,1,जमाना,1,जलेबी,1,जाट आंदोलन,1,जात-पात,1,जाति,2,जादुई दिया,1,जाम,1,जिंदगी,2,जींस,1,जीएसटी,1,जीरो ऑइल रेसिपी,5,जोक्स,5,जोमैटो,1,जोयिता मंडल,1,जोरु का गुलाम,1,ज्वार की रोटी,1,ज्वेलरी,1,झारखंड,1,झाले-वारणे,2,झूठ,1,टमाटर,1,टमाटर केचप,1,टमाटर प्यूरी,1,टमाटर सूप,1,टिप्स कॉर्नर,53,टी.व्ही. और सिनेमा,1,टोमैटो केचप,1,ठंडा पानी,1,ठंडे पेय,6,ठेचा,1,डर,2,डैंड्रफ,1,डॉक्टर,2,डॉटर्स डे,2,डोनाल्ड ट्रम्प,1,डोसा,2,ड्राई फ्रूट,2,ड्राई फ्रूट मोदक,1,ड्राई फ्रूट्स लड्डू,1,ड्रेगन,1,ढाबा स्टाइल सब्जी,2,ढाबे वाली दम अरबी,1,ढोकला,1,ढोकले,1,तरबूज,3,तरबूज के छिलके का हलवा,1,तरबूज खरीदने के टिप्स,1,तलाक,1,ताजे नारियल की बर्फी,1,तिल,4,तिल की कुरकुरी चिक्की,1,तिल के लड्डू,2,तिल गुड़ की रेवड़ी,1,तुलसी,1,तेल,1,तेलंगाना,1,तोहफ़ा,1,त्यौहार,1,थ्री इडियट्स,1,दक्षिणा,1,दर्द,1,दर्द का रिश्ता,1,दवा,1,दशहरा,1,दशहरा की शुभकामनाएं,1,दशहरा शायरी फोटो,1,दही,6,दही और लहसुन की चटनी,1,दही वाली लौकी की सब्जी,1,दही सैंडविच,1,दहेज,3,दाग-धब्बे,1,दान,1,दाले,1,दासी,1,दिपावली,1,दिपावली बधाई संदेश,3,दिवाली,2,दिवाली मिठाई,1,दिशा,1,दीपावली शुभकामना संदेश,1,दीवाली रेसिपी,1,दुःख,1,दुध पावडर,1,दुबई,1,दुबई यात्रा,1,दुर्गा माता,1,दुल्हा,1,दुश्मन,1,दूध,4,देशभक्ति,3,देशभक्ति शायरी,2,देहदान,1,दोस्त,2,दोस्ती,1,धनिया,1,धर्म,3,धर्मग्रंध,1,धार्मिक,45,नई जनरेशन,2,नक्सली,1,नजर,1,नजर कैसे उतारु,1,नदी में पैसे,1,नन्ही परी,1,नमक पारे,1,नमकीन,1,नया साल,1,नरेद्र मोदी स्टेडियम,1,नवरात्र,2,नवरात्र स्पेशल,2,नवरात्रि,3,नवरात्रि की शुभकामनाएं,1,नवरात्रि शायरी फोटो,1,नवरात्री रेसिपी,10,नववर्ष,2,नववर्ष की शुभकामनाएं,2,नाइंसाफी,1,नाग पंचमी,1,नागरिकता संशोधन कानून,1,नानी,1,नारियल,2,नारियल की जटा,1,नारियल छिलने का तरीका,1,नारियल बर्फ़ी,1,नारी,58,नारी अत्याचार,16,नारी शिक्षा,1,नाश्ता,1,निंबु का अचार,1,निक वुजीकीक,1,निचली जाती,1,निमकी,1,निर्णयक्षमता,1,निर्भया,2,निवाला,1,नींबू,2,नींबू का शरबत,1,नीडल थ्रेडर,1,नेत्रदान,1,नेपाल त्रासदी,1,नेल आर्ट,1,न्याकिम गैटवेच,1,न्यू इयर रेसोल्युशन,1,न्यूजीलैंड,1,पकोडे,3,पकोड़े,2,पक्षी,1,पढ़ा-लिख़ा कौन?,1,पढ़ाई,1,पति,1,पति का अहं,1,पति-पत्नी,1,पति-पत्नी संबंध,1,पत्ता गोभी,3,पत्ता गोभी की मुठिया,1,पत्नी,1,पत्र,1,पनीर,2,पनीर बटर मसाला,1,पनीर मोदक,1,पपीता,1,परंपरा,3,परफ्यूम,1,परवरिश,6,पराठे,3,परीक्षा,2,परेशानी,1,पर्स,1,पल्ली उत्सव,1,पवित्र,1,पवित्रता,2,पसंदीदा शिक्षक को पत्र,1,पान गुलकंद मोदक,1,पानी,1,पानी कैसे पीना चाहिए,1,पापड़,7,पालक,3,पालक के नमक पारे,1,पालक बडी,2,पाश्चात्य संस्कृति,1,पिता,2,पीरियड,1,पीरियड पॉलिसी,1,पीरियड्स,2,पुण्य,2,पुरानी मान्यताएं,1,पुलवामा हमला,1,पुष्कर,1,पूडी,1,पूरी,1,पूरी या पराठे,1,पेड-पौधे,1,पेड़े,1,पेढे,1,पैड्मैन,1,पैदाइशी गरीब नहीं हूँ,1,पैनकेक,2,पैरेंटीग,1,पोर्न मूवी,1,पोषण,1,पोहा,2,पोहे के कुरकुरे,1,पौधे,1,प्याज,5,प्याज की चटनी,1,प्याज के क्रिस्पी पकोड़े,1,प्यार,4,प्यासा कौआ,1,प्रत्यूषा,1,प्रद्युम्न,1,प्रवासी मजदूर,2,प्रसन्न,1,प्राणियों से सीख,1,प्रियंका रेड्डी,1,प्री वेडिंग फोटोशूट,1,प्रीमिक्स,4,प्रेम,1,प्लास्टिक बाल्टी कैसे साफ़ करे,1,फर्रुखाबाद,1,फल,2,फल और सब्जी खरीदने से पहले,1,फलाहार,1,फलाहारी दही वडे,1,फल्लिदाने,1,फादर्स डे,3,फूल,1,फूल गोभी के परांठे,1,फ़ेंगशुई,1,फेसबुक,2,फैशन,1,फ्रायम,1,फ्रिज,1,फ्रिज में सब्जी,1,फ्रेंडशीप डे,1,फ्रेंडशीप डे शायरी,1,बंटवारे की अनोखी शर्त,1,बकरीद,1,बची हुई सामग्री का उपयोग,1,बच्चे,9,बच्चे की ज़िद,1,बच्चें,1,बछबारस,1,बटर,1,बड़ा कौन?,1,बढ़ती उम्र,2,बदला,1,बदलाव,1,बधाई संदेश,4,बरबादी,1,बर्फ़,1,बर्फी,3,बलात्कार,10,बहन की रक्षा,1,बहू,4,बहू जैसा प्यार,1,बाजरा,1,बाल दिवस,1,बाल शोषण,2,बाहर का खाना,1,बिना गैस रेसिपी,3,बिना प्याज लहसुन की रेसिपी,7,बिमारियों की असली वजह,1,बिल्ली के गले में घंटी,1,बिस्किट,1,बिस्कुट,1,बुढ़ापा,1,बुर्ज अल-अरब,1,बुर्ज खलीफा,1,बुलंदशहर गैंगरेप,1,बेटा,2,बेटा पढाओ,1,बेटी,7,बेटी बचाओ अभियान,2,बेटे का फ़र्ज,1,बेबी फार्मिंग,1,बेमेल आहार,1,बेसन,2,बेसन के लड्डू,1,बैंगन,1,बोझ,1,बोर होना,1,ब्रम्हाजी,1,ब्रेकअप,1,ब्रेकिंग न्यूज,1,ब्रेड,5,ब्रेड की रसमलाई,2,ब्रेड पकोडा,1,ब्रेड पिस्ता पेढे,1,ब्रेड मलाई रोल,1,ब्लॉगअद्दा एक्टिविटी,1,ब्लॉगर ऑफ द इयर 2019,1,ब्लॉगर्स रिकोग्निशन अवार्ड,1,ब्लॉगिंग,7,ब्ल्यू व्हेल गेम,1,भक्ति,1,भगर,5,भगर की इडली,1,भगर के उत्तपम,1,भगर के कटलेट,1,भगवान,4,भजिए,2,भरता,1,भरवां मिर्च,1,भरवां शिमला मिर्च,1,भरवां हरी मिर्च का अचार,1,भाई दूज शायरी,1,भाकरवड़ी,1,भागीरथी अम्मा,1,भाभी,1,भारत,1,भारतीय नारी,1,भारतीय मसाले,1,भिखारी,1,भुट्टे के पकोड़े,1,भूकंप,1,भोजन,1,भ्रुण हत्या,1,मंदसौर गैंग रेप,1,मंदिर,3,मंदिरों में ड्रेस कोड़,1,मंदिरों में दक्षिणा,1,मकई,4,मकई उपमा,1,मकई चीला,1,मकई पकोडे,1,मकर संंक्रांति,1,मकर संक्रांति,4,मकर संक्रांति की शुभकामनाएं,1,मकर संक्राति,1,मखाना,1,मखाने के लड्डू,1,मजेदार पहेलियाँ,1,मटके पर औंधा लोटा,1,मटर,4,मटर के अप्पे,1,मटर के पकोड़े,1,मटर पनीर,1,मठरी,4,मठ्ठा,1,मथुरा के पेड़े,1,मदर्स डे,5,मदर्स डे का गिफ्ट,1,मम्मी,2,मर्द,1,मलाई,2,मलाई फ्रूट सलाद,1,मल्ला तामो,1,मसाला छाछ,1,मसाला मठरी,1,मस्जिद,1,महात्मा गांधी जी,2,महानता,1,महाराजा अग्रसेन जी,1,महाराष्ट्र में आरक्षण,1,महिला आजादी,1,महिला आरक्षण,1,महिला दिवस,3,महिला सशक्तिकरण,4,महिला सुरक्षा,1,महिलाओं का पहनावा,1,माँ,5,माँ की हिम्मत,1,माउथ फ्रेशनर,1,माता यशोदा,1,माता लक्ष्मी,1,मातृभाषा,1,मायका,2,मारवाड़ी,1,मार्केटिंग स्ट्रेटेजी,1,माला,1,मावा,1,मावा कुल्फी,1,मासिक धर्म,3,माहवारी,6,मिठाई,37,मित्र,2,मिलावट,1,मिलावट पहचानने के घरेलू तरीके,1,मिल्क पाउडर,1,मिस इंडिया 2019,1,मीठे चावल,1,मीठे जर्दा चावल,1,मुक्ति,1,मुखवास,1,मुनगा,1,मुबारकपुर कला,1,मुरब्बा,1,मुरमुरा,1,मुरमुरा लड्डू,1,मुलेठी,1,मुस्लिम,1,मुस्लिम मंच,1,मुहूर्त,1,मूंग की सूखी दाल का हलवा,1,मूंग दाल,1,मूंग दाल डोसा,1,मूंगफली,1,मूंगफली की सूखी चटनी,1,मूली,4,मूली का अचार,1,मूली के पत्तों के कुरकुरे कटलेट्स,1,मेंढक,1,मेंस्ट्रुअल कप,1,मेंहदी,8,मेडिसिन बाबा,1,मेथी,1,मेथी दाना चुर्ण,1,मेथी मटर मलाई,1,मेनु,1,मेरा मंत्र,3,मेरा सपना,1,मेरी बात,15,मैंगो फ्रूटी,1,मैंगो श्रीखंड,1,मैनर्स,1,मोदक,3,याकूब मोहम्मद,1,यू ए ई,1,रंग,1,रंग पंचमी,1,रक्तदान,1,रक्तदान के फायदे,1,रक्षा बंधन,2,रक्षाबंधन,2,रक्षाबंधन शायरी,1,रजस्वला नारी,5,रवा इडली,1,रसे वाली अरबी,1,रसोई,162,रांगोली,3,राखी,4,राखी स्पेशल मिठाई,1,राज की बात,1,राजभाषा,1,राजस्थानी समाज,2,राजस्व,1,राम,1,राम नाम सत्य है,1,राम मंदिर,1,राम रहीम,1,रामनवमी,1,रामनवमी की शुभकामनाएं,1,राशी-भविष्य,1,राष्ट्रगान,1,राष्ट्रगीत,1,राष्ट्रभाषा,1,रिती-रिवाज,1,रिफाइंड ऑयल,1,रिफाइंड ऑयल के नुकसान,1,रिफाइंड तेल,1,रीतिरिवाज,1,रुपया-पैसा,1,रेणुका मिश्रा,1,रेन वाटर हार्वेस्टिंग,1,रेवड़ी,1,रेसोल्युशन,1,रेस्टोरेंट स्टाइल सब्जी,1,रैंचो,1,रोटी,5,रोस्टेड मूंगफली,1,लकड़ी की राख,1,लघुकथा,16,लच्छेदार मठरी,1,लड्डू,8,लहसुन,1,लाइटर,1,लाइफ स्किल्स,1,लाफिंग बुद्धा,1,लाल मिर्च,1,लाल मिर्च का अचार,1,लाल मिर्च की सूखी चटनी,1,लिव इन,1,लिव इन रिलेशनशिप,1,लीव इन रिलेशनशिप,1,लेसवा का भरवां अचार,1,लेसुए,1,लैंगिक समानता,1,लॉकडाउन,3,लॉटरी,1,लोकल ट्रेन,1,लोकसभा चुनाव,1,लोग क्या कहेंगे?,1,लौंजी,1,लौकी,4,लौकी का भरता,1,लौकी का हलवा,1,लौकी की बड़ी,1,लौकी की सब्जी,1,वक्त,1,वटसावित्री व्रत,1,वर,1,वर्जिनिटी टेस्ट,1,वर्तमान,1,वर्षा जल संग्रहण,1,वर्षा जल संचयन,1,वाटर प्यूरीफायर,1,वायरल फोटो,1,वारी के हनुमान,1,विदर्भ स्पेशल रेसिपी,1,विधवा,1,विधवा ने किया कन्यादान,1,विधवा विवाह,1,विरुद्ध आहार,1,विशाखापट्टनम रेप कांड,1,वृंदावन,1,वृद्धावस्था,1,वेजिटेबल डोसा,1,वेजिटेबल पैनकेक,1,वैलेंटाइन गिफ़्ट,1,वैलेंटाइन डे,4,वैलेंटाइन डे शायरी,1,वैश्विक महामारी,1,वोट,1,वोट की किंमत,1,व्यंग,14,व्यायाम,1,व्रत,2,व्रत के दही भल्ले,1,व्रत रेसिपी,22,व्रत स्पेशल,2,शकरकंद,2,शकरकंद की जलेबी,1,शकरकंद को कैसे भुने,1,शकुन-अपशकुन,2,शक्करपारे,1,शनि देव,1,शबनम मौसी,1,शब्द,1,शरबत,6,शराब की दुकान,1,शर्बत,1,शर्म,3,शवयात्रा,1,शहद,1,शादी,8,शादी की खरेदी,1,शादी की फ़िजूलखर्ची का बिल,1,शादी के सालगिरह की शुभकामनाएं,1,शादी-ब्याह,3,शायरी,9,शावर,1,शाहिद कपूर,1,शिक्षक दिन,2,शिक्षक दिवस पर शायरी,1,शिक्षा,5,शिमला मिर्च,1,शिवपुरी,1,शिवलिंग,1,शुद्ध शहद की पहचान,1,शुभ मुहूर्त,1,शुभ-अशुभ,4,शुभकामना संदेश,1,शुभम जगलान,1,श्राद्ध,3,श्राद्ध का खाना,1,श्रीकृष्ण,3,श्रेष्ठता,1,संत निकोलस,1,संसद,1,संस्कार,1,संस्मरण,10,सकारात्मक पहल,2,सच बोलने की प्रेरणा,1,सजा मुझे क्यों,1,सतबीर ढिल्लो,1,सपना,1,सफलता,1,सफेद बाल,1,सब्जियों का अचार,1,सब्जियों की कांजी,1,सब्जी,18,समय,1,समाजसेवा,2,समाजिक,1,समाधान,1,समावत चावल,3,समोसा,1,सर के बाल,1,सलाद,2,ससुराल,2,सस्ते कपड़े,1,सहजन,1,सहजन/मुनगा की कढ़ी,1,सहशिक्षा,1,सांता क्लॉज,1,सांप,1,सांभर वडी,1,सांवला या काला रंग,1,साउथ इंडियन डिश,3,साक्षात्कार,5,सागर में ज्वार,1,सातवीं सालगिरह,1,साफ-सफाई,1,साबुदाना,3,साबुदाना के अप्पे,1,साबुदाना पापड़,2,साबुदाने लड्डू,1,साबुन,1,साबूदाना,3,साबूदाना खिचड़ी,1,साबूदाना वड़ा,1,सामाजिक,90,सामाजिक कार्यकर्ता,1,सालगिरह,7,सावन,2,सास,4,साहित्य,115,सिंगल पैरेंट,1,सिंदूर,1,सीएए,1,सीख-सुहानी,1,सीनू कुमारी,1,सुंदरता,1,सुई,1,सुखी,1,सुजी,1,सूजी,2,सूजी के पापड़,1,सूजी के लड्डू,2,सूप,1,सेनेटरी नेपकिन,1,सेब,2,सेब के छिलके,1,सेलिब्रेटी,1,सेव मेरिट सेव नेशन,1,सेवई उपमा,1,सेहत,2,सैंडविच,1,सोच,1,सोनम वांंगचुक,1,सोलर हीटेड मिलिट्री टेंट,1,सोलो यूट्यूबर,1,सोशल मीडिया,1,सौंफ,1,सौंफ का शरबत,1,सौंफ प्रीमिक्स,1,सौतेली माता,1,स्कूल,2,स्टफ्ड आम पापड़,1,स्टफ्ड मैंगो रोल,1,स्टार्टर,1,स्टैच्यु ऑफ यूनिटी,1,स्त्री,2,स्नैक्स,60,स्वतंंत्रता दिन,1,स्वतंत्रता दिन,2,स्वयं से प्यार,1,स्वर्ग और नर्क,1,स्वाभिमान,1,स्वास्थ,2,स्वास्थ्य,19,हंस,1,हनुमान जी,2,हरी मटर,1,हरी मटर के पैनकेक,1,हरी मटर को कैसे स्टोर करें,1,हरी मिर्च,4,हरी मिर्च का अचार,1,हलवा,3,हांडवो,2,हाउसवाइफ,1,हाथी,1,हिंदी उखाणे,1,हिंदी उखाने,1,हिंदी कहानी,2,हिंदी दिवस,1,हिंदी शायरी,32,हिंदु,1,हेयर कलर,1,हैंड सैनिटाइजर,1,हैंडल,1,हैसियत,1,होटल,1,होममेकर,1,होली की शुभकामनाएं,1,होली रेसिपी,1,
ltr
item
आपकी सहेली ज्योति देहलीवाल: नारी अत्याचार की क्रृरतम कुप्रथाएं
नारी अत्याचार की क्रृरतम कुप्रथाएं
आज पुरुष और नारी समानता का युग होने के बावज़ूद, अभी भी नारी अत्याचार की इतनी घिनौनी कुप्रथाएं मौजूद है कि जिन्हें जानकर आप दाँतों तले उंगली दबा देंगे।
https://4.bp.blogspot.com/--ij2PLA_gMA/V0wsRkCsDCI/AAAAAAAABf8/sQtZEwm1Y1o7BsnaMLiC6CjoEZbHTpwfACLcB/s640/stan%2B2.jpg
https://4.bp.blogspot.com/--ij2PLA_gMA/V0wsRkCsDCI/AAAAAAAABf8/sQtZEwm1Y1o7BsnaMLiC6CjoEZbHTpwfACLcB/s72-c/stan%2B2.jpg
आपकी सहेली ज्योति देहलीवाल
https://www.jyotidehliwal.com/2016/06/Nari-atyachar-ki-krurtam-kuprathae.html
https://www.jyotidehliwal.com/
https://www.jyotidehliwal.com/
https://www.jyotidehliwal.com/2016/06/Nari-atyachar-ki-krurtam-kuprathae.html
true
7544976612941800155
UTF-8
Loaded All Posts Not found any posts VIEW ALL Readmore Reply Cancel reply Delete By Home PAGES POSTS View All RECOMMENDED FOR YOU LABEL ARCHIVE SEARCH ALL POSTS Not found any post match with your request Back Home Sunday Monday Tuesday Wednesday Thursday Friday Saturday Sun Mon Tue Wed Thu Fri Sat January February March April May June July August September October November December Jan Feb Mar Apr May Jun Jul Aug Sep Oct Nov Dec just now 1 minute ago $$1$$ minutes ago 1 hour ago $$1$$ hours ago Yesterday $$1$$ days ago $$1$$ weeks ago more than 5 weeks ago Followers Follow THIS PREMIUM CONTENT IS LOCKED STEP 1: Share to a social network STEP 2: Click the link on your social network Copy All Code Select All Code All codes were copied to your clipboard Can not copy the codes / texts, please press [CTRL]+[C] (or CMD+C with Mac) to copy